हरिद्वार। लक्सर में एसटीएफ ने ऑनलाइन ठगी करने वाले गिरोह के एक महत्वपूर्ण सदस्य को गिरफ्तार कर बड़ा खुलासा किया है। पकड़े गए आरोपी और उसके साथियों के बैंक खातों में डेढ़ करोड़ रुपये से अधिक के लेनदेन का पता चला है। जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपियों के तार पाकिस्तान और सऊदी अरब से जुड़े हुए थे। एसटीएफ ने आरोपी से एक कार और एक मोबाइल फोन भी बरामद किया है। कानूनी कार्रवाई के बाद आरोपी को लक्सर पुलिस के सुपुर्द किया गया और कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया। वहीं उसके फरार साथी की तलाश जारी है।
एसटीएफ को जानकारी मिली थी कि ऑनलाइन ठगी गिरोह लक्सर क्षेत्र के कुछ लोगों के बैंक खातों का इस्तेमाल कर रहा है। जांच के दौरान एसटीएफ ने तिलकपुरी निवासी सौरभ ठाकुर को गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि वह अपने साथी आकाश के साथ मिलकर ठगी की रकम के लेनदेन में शामिल था।
पुलिस के अनुसार, सौरभ के 12 से अधिक खातों में 70 लाख और आकाश के चार खातों में लगभग 14 लाख रुपये का लेनदेन हुआ है। इसके अलावा ग्रामीणों के दो दर्जन से अधिक बैंक खातों में भी ठगी की रकम घूमाई गई।
जांच में पता चला कि सौरभ और आकाश पाकिस्तान तथा सऊदी अरब के मोबाइल नंबरों से लगातार बात करते थे। सौरभ ने खुलासा किया कि उनकी मुलाकात पश्चिम बंगाल की श्रेया गुप्ता नाम की महिला से आकाश के जरिये हुई थी, जो इस गैंग की मास्टरमाइंड बताई जा रही है। श्रेया ने ही दोनों को बैंक खातों की व्यवस्था करने और ठगी की रकम ट्रांसफर करने का लालच दिया था। उसने उन्हें पाकिस्तान और सऊदी अरब में बैठे लोगों के नंबर भी उपलब्ध कराए थे।
सौरभ, जो CSC सेंटर चलाता था, ने अपने, आकाश और गांव के कई अन्य लोगों के बैंक खातों और यूपीआई आईडी विदेश में बैठे ठगों को भेजे। ठगी की रकम इन खातों में आने के बाद वह इसे कैश निकालकर दूसरे खातों में जमा कराता था और बदले में कमीशन प्राप्त करता था।
कोतवाली प्रभारी राजीव रौथाण के अनुसार, गिरोह द्वारा डेढ़ करोड़ से अधिक की ठगी की रकम विभिन्न खातों में ट्रांसफर की गई। सौरभ, जो एलएलबी का छात्र है, ने ठगी की कमाई से एक महंगी कार और एक कीमती फोन खरीदा था। पुलिस इस पूरे नेटवर्क और इसके अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन की गहराई से जांच कर रही है।
