Spread the love

उत्तराखंड में जंगल सफारी की तैयारियां तेज हो गई हैं। कार्बेट टाइगर रिजर्व में वन मोटर मार्ग की मरम्मत का काम शुरू हो गया है, साथ ही वाहनों के पंजीकरण की प्रक्रिया भी जारी है। रिजर्व का बिजरानी गेट 15 अक्टूबर से पर्यटकों के लिए खोल दिया जाएगा। इसके साथ ही तराई पश्चिम वन प्रभाग के फाटो रेंज में नाइट स्टे की सुविधा शुरू करने की तैयारी भी चल रही है।

कार्बेट टाइगर रिजर्व में हर साल करीब साढ़े तीन लाख से अधिक लोग बाघ सहित अन्य वन्यजीवों को देखने आते हैं। यहाँ छह गेटों के माध्यम से डे सफारी संचालित होती है, साथ ही नाइट स्टे की भी सुविधा उपलब्ध है।

कार्बेट टाइगर रिजर्व के निदेशक साकेत बडोला ने बताया कि इस बार भारी बारिश के कारण वन मोटर मार्ग को काफी नुकसान पहुंचा है, जिसके कारण उसे ठीक करने का काम शुरू किया गया है। बिजरानी गेट को पहले खोलने की योजना है और यहाँ पुलिया समेत कई अन्य जगहों की मरम्मत की जा रही है। साथ ही फॉरेस्ट रेस्ट हाउस की सुविधाओं को भी बेहतर बनाया जा रहा है।

बिजरानी गेट के अलावा बाकी गेट 15 नवंबर से पर्यटकों के लिए खुलेंगे। तराई पश्चिम वन प्रभाग के डीएफओ तरुण एस ने बताया कि वाहनों के पंजीकरण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

राजाजी टाइगर रिजर्व के निदेशक कोको रोसे ने भी बताया कि बरसात के कारण वन मार्गों को नुकसान हुआ है, जिन्हें ठीक करने के निर्देश दिए गए हैं। मार्गों की मरम्मत के बाद 15 नवंबर के बाद राजाजी टाइगर रिजर्व में सफारी सेवाएं फिर से शुरू कर दी जाएंगी।

इस प्रकार, वन्यजीव प्रेमियों के लिए आगामी महीनों में सफारी का रोमांचक और सुरक्षित अनुभव सुनिश्चित करने के लिए सभी तैयारियां पूरी की जा रही हैं।


Spread the love
Ad